ग्राम प्रधान ने फाइलेरिया की दवा खाकर गांव मे शुरू किया अभियान

ग्राम प्रधान ने फाइलेरिया की दवा खाकर गांव मे शुरू किया अभियान

– फाइलेरिया उन्मूलन के लिये किया गया दवा का वितरण

नेवादा। मास ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन अभियान के तहत विकास खण्ड नेवादा के ग्राम पंचायत अमिरसा में फाइलेरिया उन्मूलन अभियान चलाया जा रहा है। 12 मई से 27 मई तक चलने वाले इस अभियान में ग्राम प्रधान सीमा मिश्रा ने दवा वितरण टीम के साथ स्वयं गांव मे भ्रमण किया। विश्वास पैदा करने के लिए उन्होंने लोगों के सामने खुद दवा खाया और अपने घर के बच्चों को दवा खिलाकर दिखाया। प्रधान ने कहा कि ये दवायें किसी प्रकार का नुकसान नहीं करती हैं, दवा खाने के बाद यदि खुजली, उल्टी, मितली के लक्षण दिखते हैं तो इसका मतलब उस व्यक्ति के शरीर में फाइलेरिया के कृमि पहले से मौजूद हैं और ये लक्षण माइक्रो फाइलेरिया के नष्ट होने को दर्शातें है। चूंकि मच्छरों से यह रोग होता है अतः हमें अपने आस- पास साफ सफाई रखनी चाहिए। पखवाड़े भर चलने वाले इस कार्यक्रम में दवा वितरण के लिए पूरे गांव के परिवारों को दो क्लस्टर में बांटकर दो अलग टीमों का माइक्रोप्लान तैयार किया गया है। दो सदस्यीय टीम डोर टू डोर आयु वर्ग के अनुसार डी0ई0सी0 और एल्बेंडाजाल की गोलियों का वितरण करके उसे फैमिली रजिस्टर में दर्ज कर रही है। साथ- साथ लिम्फोडिमा और हाइड्रोसिल के रोगियों को भी चिन्हित कर रही है। इस अवसर पर ग्राम पंचायत सदस्य अनूप कुमार मिश्रा ने कहा कि फाइलेरिया उन्मूलन अभियान से कवरेज दर 75 प्रतिशत से ऊपर हो गयी है, यह दर जिस दिन 90 प्रतिशत से ऊपर हो जायेगी उस दिन पोलियो और चेचक की तरह फाइलेरिया भी इतिहास के पन्नों में दफन हो जायेगा। इस अभियान के लिए उन्होंने केन्द्र एवं राज्य सरकार की सराहना की। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग के एसएमसी पवन गौतम, आशा बहु शिवकुमारी गुप्ता, आंगनबाड़ी सरिता पांडेय, कोटेदार मणिकांत मिश्रा, प्रधानाध्यपिका अनुराधा पांडेय, अध्यापिका शबीना व सुचि जोशी, कल्लू राम गुप्ता, प्रीति वर्मा, सम्मी देवी, रणविजय सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
चायल तहसील से अम्बिकेश पांडेय की रिपोर्ट

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*